88-क. इलेक्ट्रानिक संदेशों के बारे में उपधारणा
Author: | Date:
2022-12-05 19:31:45
88-क. इलेक्ट्रानिक संदेशों के बारे में उपधारणा -- न्यायालय यह उपधारित कर सकेगा कि प्रवर्तक द्वारा ऐसे प्रेषिती को किसी इलेक्ट्रानिक डाक परिसेवक के माध्यम से अग्रेषित कोई इलेक्ट्रानिक संदेश, जिसे ऐसे संदेश का संबोधित किया जाना तात्पर्यित है, उस संदेश के समरूप है, जो पारेषण के लिए उसके कम्प्यूटर में भरा गया था; किन्तु न्यायालय, उस व्यक्ति के बारे में, जिसके द्वारा ऐसा संदेश भेजा गया था, कोई उपधारणा नहीं करेगा।
स्पष्टीकरण -- इस धारा के प्रयोजनों के लिए "प्रेषिती" और "प्रवर्तक" पदों के वही अर्थ होंगे, जो सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 की धारा 2 की उपधारा (1) के खण्ड (ख) और (य-क) में है।
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